तमिल कैलेंडर · चेन्नई
तमिल कैलेंडर — पंगुनि (मीन) २०२७
यह कोरोमंडल तट पर चेन्नई के अनुसार गणना किया गया तमिल सौर कैलेंडर है। इसके मास चंद्र कलाओं पर नहीं, सूर्य की बारह निरयन राशियों पर आधारित हैं। सूर्य के राशि बदलते ही मास बदलता है और तमिल नियम में संक्रांति सूर्यास्त से पहले हो तो वही पूरा दिन नए मास में गिना जाता है।
पंगुनि (मीन) १५ मार्च – १३ अप्रैल २०२७ तक चलता है — सौर (संक्रांति से संक्रांति) मास। पंगुनि उत्तिरम और दिव्य विवाहों का मास। समय की गणना चेन्नई के लिए की गई है; तिथि और मास पूरे भारत में समान रहते हैं। ऋतु: शिशिर।
सोमवार, १५ मार्च २०२७
शुक्ल पक्ष सप्तमी
- नक्षत्र
- रोहिणी
- योग
- प्रीति
- सूर्योदय
- ६:१६ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:१९ अपराह्न
मंगलवार, १६ मार्च २०२७
शुक्ल पक्ष अष्टमी
- मीन संक्रांतिसंक्रांति
- नक्षत्र
- मृगशिरा
- योग
- आयुष्मान
- सूर्योदय
- ६:१५ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:१९ अपराह्न
बुधवार, १७ मार्च २०२७
शुक्ल पक्ष नवमी
- नक्षत्र
- आर्द्रा
- योग
- सौभाग्य
- सूर्योदय
- ६:१५ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:१९ अपराह्न
गुरुवार, १८ मार्च २०२७
शुक्ल पक्ष एकादशी
- आमलकी एकादशीत्योहार
- Shukla एकादशीव्रत / उपवास
- नक्षत्र
- पुष्य
- योग
- अतिगंड
- सूर्योदय
- ६:१४ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:१९ अपराह्न
शुक्रवार, १९ मार्च २०२७
शुक्ल पक्ष द्वादशी
- नक्षत्र
- अश्लेषा
- योग
- सुकर्मा
- सूर्योदय
- ६:१३ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:१९ अपराह्न
शनिवार, २० मार्च २०२७
शुक्ल पक्ष त्रयोदशी
- Shukla प्रदोषव्रत / उपवास
- नक्षत्र
- मघा
- योग
- धृति
- सूर्योदय
- ६:१३ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:१९ अपराह्न
रविवार, २१ मार्च २०२७
शुक्ल पक्ष चतुर्दशी
- होलिका दहनत्योहार
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनी
- योग
- शूल
- सूर्योदय
- ६:१२ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:१९ अपराह्न
सोमवार, २२ मार्च २०२७
शुक्ल पक्ष पूर्णिमा · पूर्णिमा
- होलीत्योहार
- पूर्णिमापूर्णिमा / अमावस्या
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनी
- योग
- गंड
- सूर्योदय
- ६:११ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
मंगलवार, २३ मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष प्रतिपदा
- नक्षत्र
- हस्त
- योग
- वृद्धि
- सूर्योदय
- ६:११ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
बुधवार, २४ मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष द्वितीया
- नक्षत्र
- चित्रा
- योग
- ध्रुव
- सूर्योदय
- ६:१० पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
गुरुवार, २५ मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष तृतीया
- नक्षत्र
- स्वाति
- योग
- व्याघात
- सूर्योदय
- ६:०९ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
शुक्रवार, २६ मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष चतुर्थी
- संकष्टी चतुर्थीव्रत / उपवास
- नक्षत्र
- विशाखा
- योग
- हर्षण
- सूर्योदय
- ६:०९ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
शनिवार, २७ मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष पंचमी
- नक्षत्र
- अनुराधा
- योग
- सिद्धि
- सूर्योदय
- ६:०८ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
रविवार, २८ मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष षष्ठी
- नक्षत्र
- ज्येष्ठा
- योग
- व्यतीपात
- सूर्योदय
- ६:०७ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
सोमवार, २९ मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष सप्तमी
- नक्षत्र
- मूल
- योग
- व्यतीपात
- सूर्योदय
- ६:०७ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
मंगलवार, ३० मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष अष्टमी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ा
- योग
- Variyana
- सूर्योदय
- ६:०६ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
बुधवार, ३१ मार्च २०२७
कृष्ण पक्ष नवमी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ा
- योग
- परिघ
- सूर्योदय
- ६:०५ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
गुरुवार, १ अप्रैल २०२७
कृष्ण पक्ष दशमी
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ा
- योग
- शिव
- सूर्योदय
- ६:०५ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
शुक्रवार, २ अप्रैल २०२७
कृष्ण पक्ष एकादशी
- पापमोचिनी एकादशीत्योहार
- Krishna एकादशीव्रत / उपवास
- नक्षत्र
- श्रवण
- योग
- सिद्ध
- सूर्योदय
- ६:०४ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
शनिवार, ३ अप्रैल २०२७
कृष्ण पक्ष द्वादशी
- नक्षत्र
- धनिष्ठा
- योग
- साध्य
- सूर्योदय
- ६:०३ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
रविवार, ४ अप्रैल २०२७
कृष्ण पक्ष त्रयोदशी
- Krishna प्रदोषव्रत / उपवास
- नक्षत्र
- शतभिषा
- योग
- शुभ
- सूर्योदय
- ६:०३ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
सोमवार, ५ अप्रैल २०२७
कृष्ण पक्ष चतुर्दशी
- Masik Shivratriव्रत / उपवास
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपद
- योग
- शुक्ल
- सूर्योदय
- ६:०२ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२० अपराह्न
मंगलवार, ६ अप्रैल २०२७
कृष्ण पक्ष अमावस्या · अमावस्या
- अमावस्यापूर्णिमा / अमावस्या
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपद
- योग
- ब्रह्म
- सूर्योदय
- ६:०२ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२१ अपराह्न
बुधवार, ७ अप्रैल २०२७
शुक्ल पक्ष प्रतिपदा
- गुड़ी पड़वात्योहार
- उगादीत्योहार
- चैत्र नवरात्रित्योहार
- नक्षत्र
- रेवती
- योग
- इंद्र
- सूर्योदय
- ६:०१ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२१ अपराह्न
गुरुवार, ८ अप्रैल २०२७
शुक्ल पक्ष द्वितीया
- नक्षत्र
- अश्विनी
- योग
- विष्कंभ
- सूर्योदय
- ६:०० पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२१ अपराह्न
शुक्रवार, ९ अप्रैल २०२७
शुक्ल पक्ष तृतीया
- नक्षत्र
- भरणी
- योग
- प्रीति
- सूर्योदय
- ६:०० पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२१ अपराह्न
शनिवार, १० अप्रैल २०२७
शुक्ल पक्ष चतुर्थी
- नक्षत्र
- कृत्तिका
- योग
- आयुष्मान
- सूर्योदय
- ५:५९ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२१ अपराह्न
रविवार, ११ अप्रैल २०२७
शुक्ल पक्ष पंचमी
- नक्षत्र
- रोहिणी
- योग
- सौभाग्य
- सूर्योदय
- ५:५८ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२१ अपराह्न
सोमवार, १२ अप्रैल २०२७
शुक्ल पक्ष षष्ठी
- नक्षत्र
- मृगशिरा
- योग
- शोभन
- सूर्योदय
- ५:५८ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२१ अपराह्न
मंगलवार, १३ अप्रैल २०२७
शुक्ल पक्ष सप्तमी
- नक्षत्र
- आर्द्रा
- योग
- अतिगंड
- सूर्योदय
- ५:५७ पूर्वाह्न
- सूर्यास्त
- ६:२१ अपराह्न
- संक्रांति
- त्योहार
- व्रत / उपवास
- पूर्णिमा / अमावस्या
पंगुनि (मीन) के त्योहार
इस तमिल महीने में आने वाले प्रमुख त्योहार। तिथियां भारत-व्यापी संदर्भ हैं, क्षेत्रीय पंचांगों में एक दिन का अंतर हो सकता है।
- आमलकी एकादशीगुरु 18 मार्चआंवले के वृक्ष के पास रखा जाने वाला व्रत
- होलिका दहनरवि 21 मार्चहोली की पूर्व संध्या पर अलाव
- होलीसोम 22 मार्चरंगों का त्योहार
- पापमोचिनी एकादशीशुक्र 2 अप्रैकिए गए कर्मों के बंधन से मुक्त करने वाला व्रत
- गुड़ी पड़वाबुध 7 अप्रैहिंदू चंद्र नववर्ष
- उगादीबुध 7 अप्रैदक्कन का नववर्ष
- चैत्र नवरात्रिबुध 7 अप्रैदेवी की वसंतकालीन नौ रातें
पंगुनि (मीन) के व्रत और पर्व
एकादशी, प्रदोष, संकष्टी, पूर्णिमा, अमावस्या, संक्रांति और ग्रहण: चेन्नई के लिए सूर्योदय-व्यापिनी तिथि पर आधारित।
- Meena Sankrantiमंगल 16 मार्चसंक्रांतिसूर्य का Pisces में प्रवेश · 7:00 AM
- Shukla Ekadashiगुरु 18 मार्चव्रतशुक्ल पक्ष · Phalguna
- Shukla Pradoshशनि 20 मार्चव्रतशुक्ल पक्ष · Phalguna
- Purnimaसोम 22 मार्चचंद्रPhalguna (पूर्णिमांत)
- Sankashti Chaturthiशुक्र 26 मार्चव्रतकृष्ण पक्ष · Phalguna
- Krishna Ekadashiशुक्र 2 अप्रैव्रतकृष्ण पक्ष · Phalguna
- Krishna Pradoshरवि 4 अप्रैव्रतकृष्ण पक्ष · Phalguna
- Masik Shivratriसोम 5 अप्रैव्रतकृष्ण पक्ष · Phalguna
- Amavasyaमंगल 6 अप्रैचंद्रChaitra (पूर्णिमांत)
तमिल के महीने
सभी बारह महीने, क्रमवार, उनके सामान्य अंग्रेजी महीनों के साथ।
- चित्तिरै (मेष)अप्रैल–मई
पुथांडु से वर्ष का आरंभ होता है।
- वैकासी (वृषभ)मई–जून
वैकासी विशाकम में भगवान मुरुगन का उत्सव होता है।
- आनि (मिथुन)जून–जुलाई
आनि तिरुमंजनम के अभिषेक होते हैं।
- आदि (कर्क)जुलाई–अगस्त
आदि पेरुक्कु और अम्मन उत्सवों का मास।
- आवनि (सिंह)अगस्त–सितंबर
आवनि अवित्तम और यज्ञोपवीत अनुष्ठान का मास।
- पुरट्टासी (कन्या)सितंबर–अक्टूबर
पेरुमाल को समर्पित शनिवारों का मास।
- ऐप्पसी (तुला)अक्टूबर–नवंबर
अन्नाभिषेकम और कंद षष्ठी का मास।
- कार्तिगै (वृश्चिक)नवंबर–दिसंबर
कार्तिगै दीपम से पहाड़ियाँ आलोकित होती हैं।
- मार्गलि (धनु)दिसंबर–जनवरी
तिरुप्पावै के प्रातःकालीन पाठ का मास।
- थाई (मकर)जनवरी–फ़रवरी
पोंगल से आरंभ—“थाई पिरंदाल वलि पिरक्कुम”।
- मासी (कुंभ)फ़रवरी–मार्च
मासी मगम और समुद्र-स्नान उत्सवों का मास।
- पंगुनि (मीन)मार्च–अप्रैल
पंगुनि उत्तिरम और दिव्य विवाहों का मास।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
तमिल कैलेंडर सौर है या चंद्र?
सौर। प्रत्येक मास सूर्य की एक निरयन राशि है, इसलिए वह 29 से 32 दिन का होता है और अमावस्या या पूर्णिमा के बजाय संक्रांति से आरंभ होता है। व्रत और त्योहारों के लिए प्रत्येक दिन की चंद्र तिथि भी दिखाई जाती है।
तमिल मास किस दिन आरंभ होता है?
यदि सूर्य सूर्यास्त से पहले राशि बदलता है तो संक्रांति के दिन, अन्यथा अगले दिन। इसी शास्त्रीय तमिल नियम के कारण 2026 में मेष संक्रांति सुबह होने पर पुथांडु 14 अप्रैल को है।
तमिल मास कभी मलयालम मास से एक दिन पहले क्यों आरंभ होता है?
केरल का मलबार नियम संक्रांति अपराह्न से पहले होने पर ही उसी दिन नया मास मानता है। इसलिए मध्य-दोपहर की संक्रांति तमिल मास उसी दिन, लेकिन मलयालम मास अगले दिन आरंभ कर सकती है।
तमिल नववर्ष कब होता है?
चित्तिरै 1—पुथांडु—जब सूर्य मध्य अप्रैल में मेष राशि में प्रवेश करता है।
क्षेत्रीय कैलेंडर
एक ही आकाश को अलग-अलग मास और दिन-निर्धारण पद्धतियों में प्रस्तुत किया जाता है। जिस कैलेंडर-परंपरा को आप देखना चाहते हैं, उसे स्पष्ट रूप से चुनें।
आगे क्या देखें
यह पंचांग आज इस शहर में सभी के लिए एक समान है। तीन बातें जो यह आपको नहीं बता सकता, वे केवल आपकी व्यक्तिगत कुंडली से तय होती हैं:
मेरी अपनी कुंडली वास्तव में क्या कहती है?
अपनी कुंडली बनाएं और पहला फलादेश निःशुल्क पढ़ें, इसे देखने के लिए किसी खाते की आवश्यकता नहीं है।
अपनी निःशुल्क कुंडली और फलादेश प्राप्त करेंइनमें से कौन सी तिथि हमारे विवाह के लिए उपयुक्त है?
विवाह मुहूर्त रिपोर्ट दोनों कुंडलियों के संदर्भ में पंचांग का विश्लेषण करती है, वर-वधू के लिए ताराबल, चंद्रबल और वर्तमान दशा, न कि केवल सामान्य दिन का विचार।
विवाह मुहूर्त रिपोर्ट देखेंमेरे लिए इसका क्या अर्थ है?
याना आपकी गणना की गई कुंडली के आधार पर प्रश्नों के उत्तर देती है। उत्तर सशुल्क हैं, पैक के अनुसार मूल्य निर्धारित है और कोई सदस्यता नहीं है।
देखें कि याना से प्रश्न पूछने का क्या शुल्क है