मुख्य सामग्री पर जाएँ

मलयालम कैलेंडर · कोच्चि

मलयालम कैलेंडर — वृश्चिकम (वृश्चिक) २०२६

यह मलबार तट पर कोच्चि के अनुसार गणना किया गया केरल का सौर कैलेंडर है। इसके मास सूर्य की निरयन राशियाँ हैं। मलबार नियम में संक्रांति अपराह्न से पहले हो तो ही वही दिन नए मास में गिना जाता है; इसलिए मलयालम मास कभी तमिल मास से एक दिन बाद आरंभ होता है।

वृश्चिकम (वृश्चिक) १७ नवंबर – १५ दिसंबर २०२६ तक चलता है — सौर (संक्रांति से संक्रांति) मास। 41-दिवसीय मंडल व्रतम का आरंभ। समय की गणना कोच्चि के लिए की गई है; तिथि और मास पूरे भारत में समान रहते हैं। ऋतु: शरद।

मंगलवार, १७ नवंबर २०२६

शुक्ल पक्ष अष्टमी

  • वृश्चिक संक्रांतिसंक्रांति
नक्षत्र
धनिष्ठा
योग
वृद्धि
सूर्योदय
६:१९ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
५:५९ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

बुधवार, १८ नवंबर २०२६

शुक्ल पक्ष नवमी

नक्षत्र
शतभिषा
योग
ध्रुव
सूर्योदय
६:२० पूर्वाह्न
सूर्यास्त
५:५९ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

गुरुवार, १९ नवंबर २०२६

शुक्ल पक्ष नवमी

नक्षत्र
पूर्व भाद्रपद
योग
व्याघात
सूर्योदय
६:२० पूर्वाह्न
सूर्यास्त
५:५९ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

शुक्रवार, २० नवंबर २०२६

शुक्ल पक्ष दशमी

  • देवउठनी एकादशीत्योहार
नक्षत्र
पूर्व भाद्रपद
योग
हर्षण
सूर्योदय
६:२० पूर्वाह्न
सूर्यास्त
५:५९ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

शनिवार, २१ नवंबर २०२६

शुक्ल पक्ष एकादशी

  • Shukla एकादशीव्रत / उपवास
नक्षत्र
उत्तर भाद्रपद
योग
सिद्धि
सूर्योदय
६:२१ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०० अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

रविवार, २२ नवंबर २०२६

शुक्ल पक्ष त्रयोदशी

  • Shukla प्रदोषव्रत / उपवास
नक्षत्र
अश्विनी
योग
व्यतीपात
सूर्योदय
६:२१ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०० अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

सोमवार, २३ नवंबर २०२६

शुक्ल पक्ष चतुर्दशी

नक्षत्र
भरणी
योग
Variyana
सूर्योदय
६:२२ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०० अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

मंगलवार, २४ नवंबर २०२६

शुक्ल पक्ष पूर्णिमा · पूर्णिमा

  • कार्तिक पूर्णिमात्योहार
  • गुरु नानक जयंतीत्योहार
  • पूर्णिमापूर्णिमा / अमावस्या
नक्षत्र
कृत्तिका
योग
परिघ
सूर्योदय
६:२२ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०० अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

बुधवार, २५ नवंबर २०२६

कृष्ण पक्ष प्रतिपदा

नक्षत्र
रोहिणी
योग
शिव
सूर्योदय
६:२३ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०० अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

गुरुवार, २६ नवंबर २०२६

कृष्ण पक्ष द्वितीया

नक्षत्र
मृगशिरा
योग
सिद्ध
सूर्योदय
६:२३ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०० अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

शुक्रवार, २७ नवंबर २०२६

कृष्ण पक्ष तृतीया

नक्षत्र
आर्द्रा
योग
शुभ
सूर्योदय
६:२४ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०० अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

शनिवार, २८ नवंबर २०२६

कृष्ण पक्ष चतुर्थी

  • संकष्टी चतुर्थीव्रत / उपवास
नक्षत्र
पुनर्वसु
योग
शुक्ल
सूर्योदय
६:२४ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०१ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

रविवार, २९ नवंबर २०२६

कृष्ण पक्ष षष्ठी

नक्षत्र
पुष्य
योग
ब्रह्म
सूर्योदय
६:२४ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०१ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

सोमवार, ३० नवंबर २०२६

कृष्ण पक्ष सप्तमी

नक्षत्र
अश्लेषा
योग
इंद्र
सूर्योदय
६:२५ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०१ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

मंगलवार, १ दिसंबर २०२६

कृष्ण पक्ष अष्टमी

नक्षत्र
मघा
योग
वैधृति
सूर्योदय
६:२५ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०१ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

बुधवार, २ दिसंबर २०२६

कृष्ण पक्ष नवमी

नक्षत्र
पूर्वा फाल्गुनी
योग
विष्कंभ
सूर्योदय
६:२६ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०१ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

गुरुवार, ३ दिसंबर २०२६

कृष्ण पक्ष दशमी

नक्षत्र
उत्तरा फाल्गुनी
योग
प्रीति
सूर्योदय
६:२६ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०२ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

शुक्रवार, ४ दिसंबर २०२६

कृष्ण पक्ष एकादशी

  • उत्पन्ना एकादशीत्योहार
  • Krishna एकादशीव्रत / उपवास
नक्षत्र
हस्त
योग
आयुष्मान
सूर्योदय
६:२७ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०२ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

शनिवार, ५ दिसंबर २०२६

कृष्ण पक्ष द्वादशी

नक्षत्र
चित्रा
योग
सौभाग्य
सूर्योदय
६:२७ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०२ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

रविवार, ६ दिसंबर २०२६

कृष्ण पक्ष त्रयोदशी

  • Krishna प्रदोषव्रत / उपवास
नक्षत्र
स्वाति
योग
शोभन
सूर्योदय
६:२८ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०३ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

सोमवार, ७ दिसंबर २०२६

कृष्ण पक्ष चतुर्दशी

  • Masik Shivratriव्रत / उपवास
नक्षत्र
विशाखा
योग
अतिगंड
सूर्योदय
६:२८ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०३ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

मंगलवार, ८ दिसंबर २०२६

कृष्ण पक्ष अमावस्या · अमावस्या

  • अमावस्यापूर्णिमा / अमावस्या
नक्षत्र
अनुराधा
योग
सुकर्मा
सूर्योदय
६:२९ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०३ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

बुधवार, ९ दिसंबर २०२६

शुक्ल पक्ष प्रतिपदा

नक्षत्र
ज्येष्ठा
योग
धृति
सूर्योदय
६:३० पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०४ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

गुरुवार, १० दिसंबर २०२६

शुक्ल पक्ष प्रतिपदा

नक्षत्र
मूल
योग
शूल
सूर्योदय
६:३० पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०४ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

शुक्रवार, ११ दिसंबर २०२६

शुक्ल पक्ष द्वितीया

नक्षत्र
पूर्वाषाढ़ा
योग
गंड
सूर्योदय
६:३१ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०५ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

शनिवार, १२ दिसंबर २०२६

शुक्ल पक्ष तृतीया

नक्षत्र
उत्तराषाढ़ा
योग
वृद्धि
सूर्योदय
६:३१ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०५ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

रविवार, १३ दिसंबर २०२६

शुक्ल पक्ष चतुर्थी

नक्षत्र
श्रवण
योग
ध्रुव
सूर्योदय
६:३२ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०५ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

सोमवार, १४ दिसंबर २०२६

शुक्ल पक्ष पंचमी

नक्षत्र
श्रवण
योग
व्याघात
सूर्योदय
६:३२ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०६ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →

मंगलवार, १५ दिसंबर २०२६

शुक्ल पक्ष षष्ठी

नक्षत्र
धनिष्ठा
योग
हर्षण
सूर्योदय
६:३३ पूर्वाह्न
सूर्यास्त
६:०६ अपराह्न
इस दिन का संपूर्ण पंचांग →
  • संक्रांति
  • त्योहार
  • व्रत / उपवास
  • पूर्णिमा / अमावस्या

वृश्चिकम (वृश्चिक) के त्योहार

इस मलयालम महीने में आने वाले प्रमुख त्योहार। तिथियां भारत-व्यापी संदर्भ हैं, क्षेत्रीय पंचांगों में एक दिन का अंतर हो सकता है।

वृश्चिकम (वृश्चिक) के व्रत और पर्व

एकादशी, प्रदोष, संकष्टी, पूर्णिमा, अमावस्या, संक्रांति और ग्रहण: कोच्चि के लिए सूर्योदय-व्यापिनी तिथि पर आधारित।

  • Vrishchika Sankrantiमंगल 17 नव
    संक्रांतिसूर्य का Scorpio में प्रवेश · 7:43 PM
  • Shukla Ekadashiशनि 21 नव
    व्रतशुक्ल पक्ष · Kartika
  • Shukla Pradoshरवि 22 नव
    व्रतशुक्ल पक्ष · Kartika
  • Purnimaमंगल 24 नव
    चंद्रKartika (पूर्णिमांत)
  • Sankashti Chaturthiशनि 28 नव
    व्रतकृष्ण पक्ष · Kartika
  • Krishna Ekadashiशुक्र 4 दिसं
    व्रतकृष्ण पक्ष · Kartika
  • Krishna Pradoshरवि 6 दिसं
    व्रतकृष्ण पक्ष · Kartika
  • Masik Shivratriसोम 7 दिसं
    व्रतकृष्ण पक्ष · Kartika
  • Amavasyaमंगल 8 दिसं
    चंद्रMargashirsha (पूर्णिमांत)

मलयालम के महीने

सभी बारह महीने, क्रमवार, उनके सामान्य अंग्रेजी महीनों के साथ।

  • मेडम (मेष)अप्रैल–मई

    विषु से कृषि-वर्ष का आरंभ होता है।

  • इडवम (वृषभ)मई–जून

    मानसून-पूर्व मंदिर उत्सवों का मास।

  • मिथुनम (मिथुन)जून–जुलाई

    दक्षिण-पश्चिम मानसून आरंभ होता है।

  • कर्कडकम (कर्क)जुलाई–अगस्त

    विश्राम, उपचार और रामायण-पाठ का मास।

  • चिंगम (सिंह)अगस्त–सितंबर

    ओणम और कोल्लम वर्ष का पहला मास।

  • कन्नी (कन्या)सितंबर–अक्टूबर

    नवरात्रि का मास।

  • तुलाम (तुला)अक्टूबर–नवंबर

    फसल और तीर्थ-यात्रा ऋतु की ओर बढ़ता मास।

  • वृश्चिकम (वृश्चिक)नवंबर–दिसंबर

    41-दिवसीय मंडल व्रतम का आरंभ।

  • धनुदिसंबर–जनवरी

    तिरुवातिरा और धनु उत्सवों का मास।

  • मकरम (मकर)जनवरी–फ़रवरी

    सबरीमला का मकरविलक्कु।

  • कुंभम (कुंभ)फ़रवरी–मार्च

    नदी-तट पर शिवरात्रि का उत्सव।

  • मीनम (मीन)मार्च–अप्रैल

    पैनकुनि और वर्ष के अंतिम उत्सवों का मास।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

क्या मलयालम कैलेंडर सौर है?

हाँ। प्रत्येक मास सूर्य की एक निरयन राशि है—मेडम से मीनम तक—और अमावस्या या पूर्णिमा के बजाय संक्रांति से आरंभ होता है। व्रत और त्योहारों के लिए प्रत्येक दिन की तिथि भी दिखाई जाती है।

मलबार नियम क्या है?

यदि संक्रांति अपराह्न—सूर्योदय से सूर्यास्त की अवधि के लगभग तीन-पाँचवें भाग—से पहले हो तो मास उसी दिन आरंभ होता है, अन्यथा अगले दिन। इसी कारण 2026 में मकरम 1, तमिल थाई 1 के एक दिन बाद 15 जनवरी को है।

मलयालम वर्ष किस मास से आरंभ होता है?

मध्य अगस्त के चिंगम से—ओणम का मास। अप्रैल का मेडम राशि-चक्र की पहली राशि है, लेकिन कोल्लम वर्ष का पहला मास नहीं।

कोल्लवर्षम वर्ष संख्या क्यों नहीं दिखाई जाती?

क्योंकि हमारा इंजन इसकी गणना नहीं करता। साइट केवल गणना से सिद्ध आँकड़े दिखाती है, इसलिए वह विक्रम और शक वर्ष तथा मास और ग्रेगोरियन तिथियाँ दिखाती है, लेकिन अप्रमाणित संख्या नहीं।

क्षेत्रीय कैलेंडर

एक ही आकाश को अलग-अलग मास और दिन-निर्धारण पद्धतियों में प्रस्तुत किया जाता है। जिस कैलेंडर-परंपरा को आप देखना चाहते हैं, उसे स्पष्ट रूप से चुनें।

आगे क्या देखें

यह पंचांग आज इस शहर में सभी के लिए एक समान है। तीन बातें जो यह आपको नहीं बता सकता, वे केवल आपकी व्यक्तिगत कुंडली से तय होती हैं:

  • मेरी अपनी कुंडली वास्तव में क्या कहती है?

    अपनी कुंडली बनाएं और पहला फलादेश निःशुल्क पढ़ें, इसे देखने के लिए किसी खाते की आवश्यकता नहीं है।

    अपनी निःशुल्क कुंडली और फलादेश प्राप्त करें
  • इनमें से कौन सी तिथि हमारे विवाह के लिए उपयुक्त है?

    विवाह मुहूर्त रिपोर्ट दोनों कुंडलियों के संदर्भ में पंचांग का विश्लेषण करती है, वर-वधू के लिए ताराबल, चंद्रबल और वर्तमान दशा, न कि केवल सामान्य दिन का विचार।

    विवाह मुहूर्त रिपोर्ट देखें
  • मेरे लिए इसका क्या अर्थ है?

    याना आपकी गणना की गई कुंडली के आधार पर प्रश्नों के उत्तर देती है। उत्तर सशुल्क हैं, पैक के अनुसार मूल्य निर्धारित है और कोई सदस्यता नहीं है।

    देखें कि याना से प्रश्न पूछने का क्या शुल्क है